चक्रवात वायु से बारिश में 43 फीसदी की कमी

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नई दिल्ली (ईएमएस)। मानसून ने 8 जून को एक सप्ताह की देरी से केरल में दस्तक दी थी। देश के विभिन्न इलाकों में बारिश होना शुरू ही हुआ था कि तभी 10 जून को अरब सागर में चक्रवाती तूफान वायु ने आकार लेना शुरू किया। उसके बाद मानसून की बारिश थम सी गई। 11 जून से मॉनसून की बढ़त पूरी तरह से रुक गई। मौसम के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, पूरे देश में मॉनसून की बारिश में भारी कमी रिकॉर्ड की गई है। 1 जून से लेकर 15 जून के दौरान देशभर में 63.2 मिलीमीटर की औसत बारिश के मुकाबले 36.5 मिलीमीटर की बारिश रिकॉर्ड की गई। इस तरह से कहा जा सकता है कि अभी तक मॉनसून की बारिश 43 फीसदी कम रही है।
17-18 जून तक मानसून में तेजी
मौसम विभाग के मुताबिक- जिस मानसून को 15 जून तक गुजरात, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, ओडिशा, झारखंड, छत्तीसगढ़, कर्नाटक, पूर्वोत्तर भारत, पश्चिम बंगाल, बिहार और पूर्वी उत्तर प्रदेश तक पहुंच जाना चाहिए था। वह अभी भी केरल में ही अटका हुआ है। पूर्वोत्तर भारत की बात करें तो यहां पर सिर्फ और सिर्फ त्रिपुरा तक ही मानसून की बौछार पहुंची। मौसम के जानकारों का कहना है कि जब तक अरब सागर का चक्रवात खत्म नहीं हो जाता तब तक मानसून तेजी नहीं पकड़ेगा। यानी 17 -18 जून तक मानसून को आगे बढऩे के लिए इंतजार करना पड़ेगा।