प्रेमी सुमित निकला पुजारी की बेटी का हत्यारा

0
21

स्टोल से गला दबाने के बाद गर्दन पर गाड़ी का पहिया चढ़ाकर की हत्या, शादी से इंकार पर नीलम की पुलिस रिपोर्ट की धमकी पर दिया गया घटना कोअंजाम
विशेष संवाददाता (करंट क्राइम)

गाजियाबाद। मोदीनगर के चर्चित नीलम हत्याकांड का सोमवार को पुलिस ने खुलासा कर दिया। नीलम की हत्या को उसके प्रेमी सुमित ने अपने पिता और साथियों के साथ मिलकर अंजाम दिया था। सुमित ने पहले युवती के स्टोल से उसका गला दबाकर और बाद में हत्या को आत्महत्या दिखाने के प्रयास में स्वीफ्ट गाड़ी का पहिया गर्दन पर चढ़ाकर उसकी हत्या की थी। शादी से मना करने पर पुलिस रिपोर्ट की धमकी के बाद हत्या की घटना को अंजाम दिया गया।
पुलिस लाइन्स स्थित सभागार में पत्रकार वार्ता के दौरान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक वैभव कृष्ण ने इसकी पुष्टि की है। एसएसपी ने बताया है कि विगत 12 दिसबंर को 15 वर्षीय नीलम पुत्री यशपाल शर्मा निवासी मोदीनगर की थाने पर गुमशुदगी दर्ज की गई थी। करीब दो सप्ताह बाद एक युवती की लाश ग्राम अघेडा मेरठ के जंगल में मिली थी जिसकी परिजनों द्वारा नीलम के रूप में पहचान की गई थी। तभी से पुलिस घटना के खुलासे में लगी हुई थी। मोदीनगर पुलिस और अपराध शाखा की संयुक्त टीम ने मामले को वर्कआउट किया है। पुलिस ने सुमित के पिता रमेश समेत पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
उनकी निशानदेही पर घटना को अंजाम देने में इस्तेमाल की चीजें भी बरामद की गई है। इसमें मृतका के कपड़े, बाइक, स्विफ्ट कार व दो तमंचे मय कारतूस शामिल है।
नाई की दुकान चलाता है कातिल सुमित
बकौल पुलिस, प्रेमिका नीलम का हत्या सुमित मोदीनगर में नाई की दुकान चलाता है और उसका खुद का मुख्य कार्य भी बाल काटने का है। सोनू उसकी गाड़ी का ड्राइवर है जबकि राजीव टीसीएस कॉल सेन्टर में नौकरी करता है। आरिफ की सुमित से दोस्ती है और उसकी दुकान पर आना जाना था। वहीं मृतका नीलम के पिता मोदीनगर के एक मंदिर में पुजारी का कार्य करते हैं। नीलम 10वीं की छात्रा थी जिसकी हत्या का पुलिस ने पांच माह बाद पटाक्षेप किया है।
पिता-पुत्र ने रची नीलम की हत्या की साजिश
कप्तान ने बताया कि पुलिस पूछताछ में नीलम की हत्या को अंजाम देने वाले उसके प्रेमी सुमित ने बताया है कि प्रेम प्रसंग के चलते वह उससे शादी करना चाहती थी और लगातार नीलम की ओर से शादी करने का दबाव बनाया जा रहा था। मना करने पर उसने पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराने की धमकी दी थी। उसकी इस धमकी को गंभीरता से लेते हुए सुमित और उसके पिता रमेश ने नीलम की हत्या करने का प्लान तैयार किया था। उसी प्लान के तहत 26 दिसबंर को सुमित पहले नीलम को अपने घर लेकर पहुंचा था। जहां रात में सुमित ने उसके साथ दुष्कर्म किया और अगले दिन अपने दोस्त आरिफ को फोन करके बुलाया, जो नीलम को अपनी बाइक पर बैठाकर सुमित के दूसरे साथी राजीव के घर पर विजयनगर क्षेत्र में छोड़ गया था। 27 दिसबंर से 10 जनवरी तक नीलत को गाजियाबाद में राजीव के घर पर ही रखा गया। हत्या की वारदात को करने से एक दिन पूर्व सुमित ने अपने घर पर गिरफ्तार किए गए साथी सोनू पुत्र रामकिशन निवाड़ी, राजीव पुत्र सत्यवीर करनावल मेरठ व आरिफ पुत्र महबूब निवाड़ी को बुलाकर पिता रमेश की मौजूदगी में योजना बनाई थी। 10 जनवरी को योजना के तहत अभियुक्तों ने नीलम को राजीव के घर से स्वीफ्ट गाड़ी से रिसीव कर पहले दिनभर शहर में घुमाया। शाम को मोदीनगर की ओर जाते समय रास्ते में मुरादनगर के पास रुककर शराब पी और नशे की हालत में ग्राम अघेडा मेरठ के पास लेकर जाकर उसकी हत्या कर दी।